Pact for the Future
संदर्भ:
संयुक्त राष्ट्र में 2025 की अनौपचारिक वार्ता के दौरान भारत ने “पैक्ट फॉर द फ्यूचर” के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई, और समावेशी व भविष्योन्मुख वैश्विक शासन प्रणाली के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका को रेखांकित किया।
Pact for the Future: प्रमुख तथ्य
परिचय
- घोषणा: भविष्य के लिए संधि 22 सितंबर 2024 को संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा सर्वसम्मति से Summit of the Future में अपनाई गई।
- उद्देश्य: 21वीं सदी की वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय सहयोग को नया रूप देना और संयुक्त राष्ट्र को अधिक प्रभावी, वैध व समावेशी बनाना।
मुख्य उद्देश्य
- SDGs की प्रगति तेज करना
- परमाणु एवं जैविक निरस्त्रीकरण को सशक्त बनाना
- वैश्विक शांति एवं सुरक्षा ढांचे को सुधारना
- डिजिटल गवर्नेंस व युवा समावेशन को बढ़ावा देना
प्रमुख घटक
- सतत विकास लक्ष्य (SDGs): पेरिस जलवायु समझौते और SDGs की दिशा में प्रतिबद्धता दोहराई गई।
- मानवाधिकार और लैंगिक समानता: विशेष ध्यान: महिलाओं के अधिकारों और संकटग्रस्त समूहों की सुरक्षा पर।
- संघर्ष समाधान और शांति स्थापना: संयुक्त राष्ट्र शांति अभियानों की समीक्षा और संघर्ष के मूल कारणों का समाधान।
- निरस्त्रीकरण
- परमाणु और जैविक हथियारों के खिलाफ वैश्विक प्रयासों को पुनर्जीवित करने का संकल्प।
- डिजिटल और भविष्य की पीढ़ियाँ: AI नियमन और भविष्य की पीढ़ियों की भलाई के लिए राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय नीति समन्वय।
भारत की भूमिका और प्रतिबद्धताएँ
- 2028 समीक्षा के लिए ठोस एजेंडा
- भारत ने कहा कि UN@80 और 2027 SDG शिखर सम्मेलन के अनुरूप कार्य–उन्मुख समीक्षा की जानी चाहिए।
- संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) सुधार
- भारत ने समयबद्ध, पाठ–आधारित वार्ताओं की मांग की और यथास्थिति बनाए रखने का विरोध किया।
- वैश्विक संस्थागत तालमेल
- G20, WTO, IMF और विश्व बैंक जैसे मंचों के साथ वित्तीय न्याय और नीतिगत समन्वय को जरूरी बताया।
- डिजिटल सहयोग और समावेशी विकास
- भारत ने AI नैतिकता, डिजिटल समावेशन और विकासशील देशों की प्राथमिकताओं को प्राथमिकता देने की बात कही।
निष्कर्ष:
“भविष्य के लिए संधि” आधुनिक विश्व के जटिल मुद्दों — जैसे जलवायु परिवर्तन, असमानता, डिजिटल अंतर, और संघर्ष — से निपटने की एक वैश्विक रूपरेखा है। भारत की भूमिका इसमें न्यायसंगत सुधार, समावेशन और विकासशील देशों की आवाज को आगे बढ़ाने वाली रही है।