Gujarat Shops and Establishments Bill 2026
संदर्भ:
गुजरात विधानसभा ने ‘गुजरात दुकान और प्रतिष्ठान (रोजगार का विनियमन और सेवा की शर्तें) (संशोधन) विधेयक, 2026’ को सर्वसम्मति से पारित कर दिया है। इसका उद्देश्य राज्य में ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ (Ease of Doing Business) को बढ़ावा देने के साथ-साथ महिला सशक्तिकरण और रोजगार के अवसरों में वृद्धि करना है।
विधेयक के मुख्य प्रावधान:
- कार्य घंटों में वृद्धि (Working Hours): दैनिक कार्य घंटों की अधिकतम सीमा 9 घंटे से बढ़ाकर 10 घंटे कर दी गई है (इसमें विश्राम का समय भी शामिल है)।
- महिलाओं के लिए नाइट शिफ्ट (Night Shift for Women): महिलाएं अब रात 9 बजे से सुबह 6 बजे के बीच कार्य कर सकेंगी। इसके लिए महिला कर्मचारी की लिखित सहमति (Informed Consent) अनिवार्य है।
- ओवरटाइम सीमा में विस्तार (Overtime Limit): एक तिमाही (3 महीने) में ओवरटाइम की अधिकतम सीमा को 125 घंटे से बढ़ाकर 144 घंटे कर दिया गया है। ओवरटाइम के लिए सामान्य वेतन दर से दोगुना वेतन देना अनिवार्य होगा।
- प्रयोज्यता सीमा (Applicability Threshold): पहले यह अधिनियम उन संस्थानों पर लागू होता था जिनमें 10 या अधिक कर्मचारी थे। अब इस सीमा को बढ़ाकर 20 या अधिक कर्मचारी कर दिया गया है। जिन संस्थानों में 20 से कम कर्मचारी हैं, उन्हें पंजीकरण (Registration) की आवश्यकता नहीं होगी, केवल ऑनलाइन सूचना (Intimation) देना पर्याप्त होगा।
- विश्राम अंतराल (Rest Intervals): लगातार कार्य करने की अवधि को 5 घंटे से बढ़ाकर 6 घंटे कर दिया गया है, जिसके बाद कम से कम आधे घंटे का विश्राम देना अनिवार्य है।
- सुरक्षित परिवहन: नियोक्ताओं को महिला कर्मचारियों को उनके घर के दरवाजे (Doorstep) तक सुरक्षित परिवहन सुविधा प्रदान करनी होगी।
- कार्यस्थल सुविधाएं: नाइट क्रेच (पालना घर), अलग शौचालय और विश्राम गृह (Rest Rooms) की व्यवस्था अनिवार्य है।
- गरिमा और सुरक्षा: यौन उत्पीड़न से बचाव के पुख्ता इंतजाम और महिलाओं की गरिमा बनाए रखने की जिम्मेदारी नियोक्ता की होगी।
- सरकारी विनियमन: राज्य सरकार के पास सार्वजनिक हित में विशिष्ट क्षेत्रों या दुकानों में महिलाओं के रात्रि नियोजन को प्रतिबंधित करने का अधिकार सुरक्षित है।

