MANAV Vision of India
संदर्भ:
हाल ही में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने India AI Impact Summit 2026 के दौरान “MANAV Vision” का अनावरण किया। यह कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के जिम्मेदार और मानव-केंद्रित विकास को सुनिश्चित करने के लिए भारत का एक वैश्विक रोडमैप है।
MANAV विजन क्या है?
‘MANAV’ का शाब्दिक अर्थ ‘मनुष्य’ है, यह AI प्रशासन के पांच प्रमुख स्तंभों का एक संक्षिप्त रूप है:
- M – Moral and Ethical Systems (नैतिक और चारित्रिक प्रणालियाँ): AI का विकास नैतिकता के आधार पर होना चाहिए, जिसमें पारदर्शिता और मानवीय निगरानी अनिवार्य हो।
- A – Accountable Governance (जवाबदेह शासन): AI के उपयोग के लिए स्पष्ट नियम और मजबूत संस्थागत निगरानी तंत्र स्थापित करना।
- N – National Sovereignty (राष्ट्रीय संप्रभुता): प्रधानमंत्री के अनुसार, “जिसका डेटा, उसका अधिकार”। डेटा, एल्गोरिदम और डिजिटल बुनियादी ढांचे पर भारत का अपना नियंत्रण सुनिश्चित करना।
- A – Accessible and Inclusive (सुलभ और समावेशी): AI को एकाधिकार (Monopoly) के बजाय एक ‘गुणक’ (Multiplier) बनाना ताकि समाज के हर वर्ग, विशेषकर ‘ग्लोबल साउथ’, को इसका लाभ मिले।
- V – Valid and Legitimate (वैध और न्यायसंगत): AI प्रणालियों का कानून के दायरे में होना और सत्यापन योग्य (Verifiable) होना अनिवार्य है ताकि डीपफेक जैसे खतरों से निपटा जा सके।
इसका कार्यान्वयन:
- IndiaAI मिशन: इस विजन को लागू करने के लिए सरकार ने ₹10,300 करोड़ से अधिक के परिव्यय वाले IndiaAI Mission को मंजूरी दी है, जो कंप्यूटिंग शक्ति, डेटा और कौशल विकास पर केंद्रित है।
- सुरक्षित और विश्वसनीय AI: विजन के तहत ‘Safe and Trusted AI’ स्तंभ के माध्यम से पक्षपात (Bias) को कम करने और गोपनीयता बनाए रखने वाले सिस्टम डिजाइन करने पर जोर दिया गया है।
- कानूनी ढांचा: ‘Information Technology Amendment Rules, 2026’ के माध्यम से सिंथेटिक सामग्री (Synthetic Content) को विनियमित करने की पहल की गई है।

