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संयुक्त राष्ट्र राहत और कार्य एजेंसी (United Nations Relief and Works Agency)

संयुक्त राष्ट्र राहत और कार्य एजेंसी (United Nations Relief and Works Agency)

United Nations Relief and Works Agency

संदर्भ:

हाल ही में भारत सरकार ने संयुक्त राष्ट्र राहत और कार्य एजेंसी (UNRWA) को 2.5 मिलियन अमेरिकी डॉलर की वित्तीय सहायता राशि जारी की है, जो फिलिस्तीनी शरणार्थियों के कल्याण के लिए भारत की वार्षिक 5 मिलियन डॉलर की प्रतिबद्धता की पहली किश्त है।

संयुक्त राष्ट्र राहत और कार्य एजेंसी (UNRWA) क्या है?

  • परिचय: संयुक्त राष्ट्र राहत और कार्य एजेंसी जिसे संक्षेप में UNRWA (United Nations Relief and Works Agency for Palestine Refugees in the Near East) कहा जाता है, संयुक्त राष्ट्र (UN) की एक विशेष और अस्थायी सुरक्षा एजेंसी है।
    • यह संस्था मध्य पूर्व (Near East) के विभिन्न क्षेत्रों में रह रहे पंजीकृत फिलिस्तीनी शरणार्थियों को सीधे मानवीय सहायता, सुरक्षा और मानव विकास सेवाएं प्रदान करने के लिए पूरी तरह समर्पित है। 
  • स्थापना वर्ष: इस एजेंसी की स्थापना संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के प्रस्ताव संख्या 302 (IV) के तहत 8 दिसंबर 1949 को की गई थी। इसने औपचारिक रूप से 1 मई 1950 से अपना काम शुरू किया था। 
  • गठन का कारण: वर्ष 1948 के अरब-इजराइल युद्ध (Arab-Israeli Conflict) के बाद विस्थापित हुए लगभग 7,50,000 फिलिस्तीनी शरणार्थियों को आपातकालीन राहत और रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए इसका गठन हुआ था।
  • अस्थायी अधिदेश (Temporary Mandate): मूल रूप से इसे एक अस्थायी संस्था के रूप में बनाया गया था। चूंकि इजराइल और फिलिस्तीन विवाद का कोई स्थायी राजनीतिक समाधान नहीं निकल सका, इसलिए संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा प्रत्येक 3 वर्ष में इसके अधिदेश (Mandate) को आगे बढ़ा दिया जाता है।
    • वर्तमान में इसका कार्यकाल बढ़ाकर 30 जून 2026 के बाद तक के लिए समय-समय पर नवीनीकृत किया जाता रहा है।
  • कार्यक्षेत्र: यह संस्था विशेष रूप से पांच भौगोलिक क्षेत्रों (Fields of Operations) में सक्रिय रूप से काम करती है: गाजा पट्टी (Gaza Strip), वेस्ट बैंक (पूर्वी यरुशलम सहित), जॉर्डन (Jordan), लेबनान (Lebanon) और सीरिया (Syria)
  • लाभार्थी: UNRWA के नियमों के अनुसार, इसके दायरे में वे फिलिस्तीनी नागरिक आते हैं जिनका सामान्य निवास स्थान 1 जून 1946 से 15 मई 1948 के बीच फिलिस्तीन था और जिन्होंने 1948 के युद्ध के कारण अपना घर और आजीविका दोनों खो दिए।
    • इस परिभाषा के तहत मूल शरणार्थियों के पुरुष वंशज (Descendants) और कानूनी रूप से गोद लिए बच्चे भी सहायता के पात्र माने जाते हैं। 
    • वर्तमान वर्ष 2026 तक, इस एजेंसी के पास पंजीकृत शरणार्थियों की कुल संख्या 5.9 मिलियन (लगभग 59 लाख) से अधिक हो चुकी है।
  • वित्तीय ढांचा: इसका लगभग 95% बजट संयुक्त राष्ट्र के सदस्य देशों, क्षेत्रीय संगठनों (जैसे यूरोपीय संघ) और अन्य अंतर्राष्ट्रीय दाताओं द्वारा दिए जाने वाले स्वैच्छिक अनुदान से आता है।
    • संयुक्त राष्ट्र के नियमित बजट से इसे केवल 5% हिस्सा मिलता है, जो मुख्य रूप से इसके अंतर्राष्ट्रीय कर्मचारियों के वेतन के लिए होता है।

मुख्य कार्य:

  • बुनियादी शिक्षा (Education): यह संस्था शरणार्थी शिविरों में सैकड़ों स्कूल संचालित करती है, जिसमें करीब 5 लाख बच्चों को प्राथमिक और व्यावसायिक शिक्षा दी जाती है।
  • स्वास्थ्य देखभाल (Healthcare): शरणार्थियों के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और क्लीनिक चलाए जाते हैं, जहां प्रतिवर्ष करोड़ों मरीजों का इलाज होता है।
  • राहत और सामाजिक सेवाएं: गंभीर संकट के समय यह एजेंसी भुखमरी से निपटने के लिए भोजन, राशन पैकेट और प्रत्यक्ष नकद सहायता (Cash Assistance) वितरित करती है।
  • शिविर अवसंरचना और सुधार (Camp Infrastructure): शरणार्थी शिविरों में स्वच्छ पेयजल, सीवरेज व्यवस्था, आवास निर्माण और सड़कों की मरम्मत का प्रबंधन करना।
  • आपातकालीन प्रतिक्रिया (Emergency Response): युद्ध या सैन्य अभियानों के दौरान विस्थापित नागरिकों को तत्काल आश्रय (Shelters) और चिकित्सा किट उपलब्ध कराना।

चुनौतियाँ: 

पिछले कुछ वर्षों और विशेष रूप से हाल के इजराइल-गाजा संघर्ष के बाद से UNRWA अत्यधिक दबाव और संकट का सामना कर रहा है: 

  • गंभीर फंडिंग संकट (Severe Funding Shortfall): संयुक्त राज्य अमेरिका (USA) और स्वीडन जैसे प्रमुख वैश्विक दाताओं द्वारा अपनी फंडिंग में भारी कटौती करने या पूरी तरह रोकने के कारण वर्ष 2025 और 2026 में एजेंसी को वित्तीय भुखमरी (Financial Crunch) का सामना करना पड़ रहा है।
    • वर्तमान रिपोर्टों के अनुसार, बजट घाटे के कारण एजेंसी को स्टाफ में कटौती और वेतन रोकने जैसे कड़े कदम उठाने पड़े हैं।
  • राजनैतिक और सुरक्षा संबंधी आरोप: इजराइल द्वारा इस एजेंसी पर कुछ स्थानीय कर्मचारियों के चरमपंथी संगठनों (जैसे हमास) से जुड़े होने के आरोप लगाए गए हैं, जिसके कारण वैश्विक स्तर पर इसके कामकाज और निष्पक्षता को लेकर गंभीर विवाद खड़े हुए हैं।

UNHCR और UNRWA में अंतर: संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी उच्चायुक्त (UNHCR) दुनिया भर के अन्य सभी देशों के शरणार्थियों के पुनर्वास और अधिकारों की रक्षा के लिए जिम्मेदार है, वहीं UNRWA एकमात्र ऐसी विशिष्ट एजेंसी है जो केवल मध्य पूर्व में रहने वाले फिलिस्तीनी शरणार्थियों के कल्याण के लिए काम करती है।

FAQs:

What is UNRWA? 

यह फिलीस्तीनी शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र राहत और कार्य एजेंसी (UNRWA) है।

When was UNRWA established? 

इसकी स्थापना दिसंबर 1949 में संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा की गई थी।

What is the role of UNRWA? 

यह फिलीस्तीनी शरणार्थियों को सीधे शिक्षा, स्वास्थ्य, राहत और मानवीय सहायता प्रदान करती है।

Which people benefit from UNRWA services? 

1948 के संघर्ष से विस्थापित पंजीकृत फिलीस्तीनी शरणार्थी और उनके वंशज इससे लाभान्वित होते हैं।

Why is UNRWA important? 

यह संकटग्रस्त क्षेत्रों में लाखों शरणार्थियों के लिए बुनियादी सेवाओं का एकमात्र जीवन रक्षक जरिया है।र, और परिवार के लिए पार्क, बिजली तथा सामुदायिक सुरक्षा जैसी बुनियादी सुविधाएं मिलती हैं।

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