Agnishodh initiative
संदर्भ:
भारतीय सेना ने IIT मद्रास के साथ सहयोग करते हुए ‘अग्निशोध’ (Agnishodh) नामक भारतीय सेना अनुसंधान प्रकोष्ठ (Indian Army Research Cell – IARC) की स्थापना की है। यह प्रकोष्ठ रक्षा नवाचार, अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी विकास और स्वदेशी अनुसंधान को बढ़ावा देने के उद्देश्य से IIT मद्रास परिसर में स्थापित किया गया है, जो सेना की परिचालन क्षमताओं को सशक्त बनाने में सहायक होगा।
(Agnishodh initiative) अग्निशोध पहल: भारतीय सेना की तकनीकी उन्नति की दिशा में कदम:
परिचय: यह पहल भारतीय सेना के व्यापक परिवर्तन ढांचे (Transformation Framework) का हिस्सा है, जो सेना प्रमुख (COAS) द्वारा निर्धारित “पांच स्तंभों (Five Pillars of Transformation)” पर आधारित है।
पांच स्तंभों में शामिल हैं:
- तकनीक का समावेश
- संरचनात्मक बदलाव
- मानव संसाधन विकास
- तीनों सेनाओं के बीच समन्वय
- आधुनिकीकरण एवं तकनीकी नवाचार
अग्निशोध पहल विशेष रूप से किस स्तंभ को बढ़ावा देती है?
- आधुनिकीकरण और तकनीकी समावेशन (Modernisation and Technology Infusion)
मुख्य विशेषताएँ:
- IIT मद्रास रिसर्च पार्कऔर एएमटीडीसी (AMTDC) जैसे संगठनों के साथ मिलकर यह केंद्र कार्य करेगा।
- प्रयोगशालाओं में विकसित तकनीकों को व्यवहारिक और तैनाती योग्यरूप में बदलने पर फोकस होगा।
- सैन्य कर्मियों को उभरते तकनीकी क्षेत्रों मेंपुनः कौशल प्रशिक्षण (Upskilling) दिया जाएगा, जैसे:
- एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग
- साइबर सुरक्षा
- क्वांटम कंप्यूटिंग
- वायरलेस संचार
- मानव रहित हवाई प्रणाली (UAS)