Agri Stack
Agri Stack –
संदर्भ:
कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय ने डिजिटल एग्रीकल्चर मिशन (Digital Agriculture Mission – DAM) के तहत एग्री स्टैक (Agri Stack) पर आधारित एक राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया। इस सम्मेलन का उद्देश्य कृषि क्षेत्र में डिजिटल नवाचारों को बढ़ावा देना और किसानों को तकनीकी रूप से सक्षम बनाना है।
सम्मेलन के प्रमुख बिंदु (Key Highlights of the Conference):
- डिजिटल भूमि रिकॉर्ड और आधार सीडिंग की महत्ता: सम्मेलन में किसानों की सही पहचान सुनिश्चित करने के लिए डिजिटल भूमि अभिलेख (Digital Land Records) और आधार सीडिंग (Aadhaar Seeding) की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया गया।
- एग्री स्टैक (Agri Stack) का अवलोकन: कृषि मंत्रालय ने एग्री स्टैक की रूपरेखा प्रस्तुत की, जिसमें किसान आईडी (Farmer ID) को प्रमुख सरकारी योजनाओं जैसे पीएम-किसान (PM-KISAN), प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) और किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) से जोड़ने की प्रक्रिया शामिल है।
- किसान पहचान पत्र (Digitally Verifiable Credential – DVC): CKO (Chief Knowledge Officer) द्वारा डिजिटल रूप से सत्यापित किसान पहचान पत्र (DVC) की शुरुआत की गई, जिससे किसान अपने खेत और फसल से जुड़ी प्रामाणिक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
- यह DVC डिजिलॉकर (DigiLocker) से एकीकृत है।
- भूमि में परिवर्तन (mutation) होने पर इसे स्वतः निरस्त (revoke) कर दिया जाता है।
- विशेष केंद्रीय सहायता (Special Central Assistance – SCA) दिशानिर्देशों का शुभारंभ: मंत्रालय ने SCA गाइडलाइंस जारी कीं, जिसके तहत राज्यों को कुल ₹6,000 करोड़ की सहायता प्रदान की जाएगी:
- ₹4,000 करोड़: किसान रजिस्ट्री और कानूनी उत्तराधिकारी प्रणाली (Legal Heir System) के लिए।
- ₹2,000 करोड़: डिजिटल फसल सर्वेक्षण (Digital Crop Survey) के लिए।
यह सहायता ‘पहले आओ, पहले पाओ’ (first-come-first-served) के आधार पर दी जाएगी।
- बहुभाषी एआई–समर्थित चैटबॉट का प्रदर्शन: मंत्रालय ने एक एआई-सक्षम चैटबॉट प्रस्तुत किया, जिसे एग्री स्टैक डेटा पर प्रशिक्षित किया गया है और यहGoogle Gemini तकनीक पर आधारित है।
- यह चैटबॉट किसानों की विभिन्न भाषाओं में पूछी गई कृषि संबंधी जानकारी का उत्तर देने में सक्षम है।
डिजिटल एग्रीकल्चर मिशन (DAM)
शुरुआत: भारत सरकार द्वारा
उद्देश्य: कृषि क्षेत्र का आधुनिकीकरण डिजिटल तकनीकों और डेटा आधारित समाधानों के माध्यम से करना।
मुख्य डिजिटल आधार:
- एग्री स्टैक (Agri Stack):
- यह एकीकृत डिजिटल ढांचा है जो किसानों से जुड़ी जानकारियाँ, भूमि अभिलेख, फसल पैटर्न और सरकारी योजनाओं को जोड़ता है।
- इसका उद्देश्य सेवाओं और लाभों को लक्षित रूप से किसानों तक पहुँचाना है।
- कृषि निर्णय समर्थन प्रणाली (Krishi DSS):
- यह एक भौगोलिक सूचना आधारित प्लेटफॉर्म है।
- इसमें निम्नलिखित डेटा को एकीकृत किया जाता है:
- मृदा स्वास्थ्य
- मौसम पूर्वानुमान
- फसल पैटर्न
- जल संसाधन
- इससे भविष्यवाणी आधारित विश्लेषण और बेहतर योजना निर्माण संभव होता है।
अतिरिक्त प्रमुख घटक:
- मृदा प्रोफ़ाइल मैपिंग (Soil Profile Mapping)
- भूमि की गुणवत्ता से संबंधित विस्तृत डेटा एकत्रित करना और उसका विश्लेषण करना।
- यह सटीक कृषि (Precision Farming) और बेहतर भूमि उपयोग योजना में मदद करता है।
महत्त्व:
- डेटा-आधारित कृषि को बढ़ावा
- सरकारी योजनाओं की दक्षता में सुधार
- किसानों को समय पर और स्थान-विशिष्ट जानकारी की उपलब्धता
- सतत एवं जलवायु-लचीली कृषि को समर्थन