RGI
संदर्भ:
भारत के रजिस्ट्रार जनरल (RGI) ने राज्यों से जन्म और मृत्यु के सार्वभौमिक पंजीकरण को सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाने को कहा है।
अस्पतालों में जन्म और मृत्यु पंजीकरण:
मुख्य जानकारी
- सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुसार, सभी सरकारी अस्पतालों को जन्म और मृत्यु के ‘पंजीयक’ घोषित किया गया है।
- यदि जन्म या मृत्यु घटना अस्पताल में हुई है, तोसंबंधित चिकित्सा अधिकारी को इसे Registration of Births and Deaths Act, 1969 की धारा 8 (1) (B) के तहत रिपोर्ट करना आवश्यक है।
- अस्पतालों को यह सूचना21 दिनों के भीतर देनी होती है।
- RBD Act, 1969 में 2023 में संशोधन किया गया, जिसके अनुसारजन्म और मृत्यु का ऑनलाइन पंजीकरण RGI पोर्टल पर अनिवार्य कर दिया गया है।
भारत के रजिस्ट्रार जनरल (RGI):
स्थापना और नियंत्रण
- वर्ष 1961 में भारत सरकार द्वारा स्थापित।
- गृह मंत्रालय (MHA) के प्रशासनिक नियंत्रण में कार्य करता है।
मुख्य कार्य
- जनगणना (Census of India)
- प्रत्येक 10 साल में भारत की जनगणना का आयोजन।
- योजना, समन्वय और संचालन की निगरानी करता है।
- सिविल रजिस्ट्रेशन सिस्टम (CRS)
- भारत में जन्म और मृत्यु का पंजीकरण।
- महत्वपूर्ण आँकड़ों कीसटीकता और एकरूपता सुनिश्चित करता है।
- महत्वपूर्ण सांख्यिकी: जन्म, मृत्यु, मृत्यु के कारण और जनसंख्या गतिशीलता पर डेटा संग्रह और प्रकाशन।
- नीति निर्माण और योजना के लिए आवश्यक जनसांख्यिकीय जानकारी प्रदान करता है।
- सैम्पल रजिस्ट्रेशन सिस्टम (SRS)
- 1969 में शुरू हुआ।
- जन्म दर, मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर (IMR)का विश्वसनीय वार्षिक अनुमान प्रदान करता है।
- डुअल रिकॉर्ड प्रणालीका उपयोग करता है (लगातार गणना और स्वतंत्र सर्वेक्षण)।