Water Services Assessment Portal
संदर्भ:
हाल ही में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री श्री सी.आर. पाटिल द्वारा ‘जल सेवा आंकलन’ (JSA) पोर्टल लॉन्च किया गया। जिसे पेयजल सुविधाओं की क्षमताओं का आकलन करने के लिए विकसित किया गया है।
जल सेवा आंकलन (JSA) पोर्टल के बारे मे:
- जल सेवा आकलन पोर्टल, जल जीवन मिशन (JJM) के तहत ग्राम पंचायतों के नेतृत्व वाला एक डिजिटल टूल है, जो पेयजल सेवाओं की कार्यक्षमता का मूल्यांकन करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।
- इस पोर्टल के माध्यम से ‘हर घर जल’ (HGJ) का दर्जा प्राप्त कर चुकी ग्राम पंचायतों के लिए यह अब अनिवार्य है कि वे 26 जनवरी, 2026 तक अपना स्व-मूल्यांकन पूरा करें।
- यह पोर्टल बाहरी सर्वेक्षणों पर निर्भरता कम करता है और गांवों को अपनी जल प्रणालियों के संरक्षक के रूप में सशक्त बनाता है।
- पोर्टल पांच प्रमुख क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित करता है: जल आपूर्ति की नियमितता और पर्याप्तता, पेयजल की गुणवत्ता, प्रणालियों का संचालन और रखरखाव (O&M), जल स्रोत की स्थिरता और ग्राम स्तर पर संस्थागत और प्रबंधन व्यवस्था।
- इसमें मूल्यांकन के निष्कर्षों को JJM पंचायत डैशबोर्ड पर अपलोड किया जाता है और eGramSwaraj तथा ‘मेरी पंचायत ऐप’ जैसे प्लेटफार्मों के माध्यम से सार्वजनिक किया जाता है। पोर्टल अंतिम रूप देने से पहले 30 दिनों की नागरिक फीडबैक विंडो प्रदान करता है।
- JSA प्रक्रिया अत्यधिक सहभागी और पारदर्शी है। इसकी शुरुआत ग्राम जल और स्वच्छता समिति (VWSC), पंचायत सचिव और उपयोगकर्ताओं के बीच चर्चा से होती है। इसके बाद निष्कर्षों को ग्राम सभा के समक्ष रखा जाता है। जिसका अप्रूवल मिलने के बाद इसे पोर्टल पर अपलोड किया जाता है।
महत्व:
- पारदर्शिता का सुदृढ़ीकरण: यह पोर्टल जल आपूर्ति के डेटा को सार्वजनिक डोमेन में लाकर जवाबदेही सुनिश्चित करता है। यह ग्रामीणों को सेवा की गुणवत्ता के लिए अधिकारियों से प्रश्न पूछने का अधिकार देता है।
- विकेंद्रीकृत शासन: यह पहल ’73वें संविधान संशोधन’ की भावना को साकार करती है, जहाँ ग्राम पंचायतों को अपनी जल प्रणालियों के प्रबंधन और मूल्यांकन का पूर्ण स्वामित्व दिया गया है। इससे स्थानीय निकायों की क्षमता निर्माण में वृद्धि होती है।
- डेटा-संचालित नीति निर्माण: JSA पोर्टल से प्राप्त वास्तविक समय (Real-time) का डेटा नीति निर्माताओं को “साक्ष्य-आधारित योजना” बनाने में मदद करता है।
- दीर्घकालिक स्थिरता: निरंतर निगरानी से जलजनित रोगों में कमी आएगी और ग्रामीण जीवन स्तर (Ease of Living) में सुधार होगा। यह सुनिश्चित करता है कि ‘हर घर जल’ का लाभ आने वाली पीढ़ियों के लिए एक स्थायी सेवा बना रहे।

