Vayo Samman National Campaign का हुआ शुभारंभ, वरिष्ठ नागरिकों के योगदान को मिलेगा सम्मान
संदर्भ:
हाल ही में केंद्रीय मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार ने नई दिल्ली में राष्ट्रीय अंतर-पीढ़ीगत जुड़ाव अभियान के तहत वयो सम्मान राष्ट्रीय अभियान (Vayo Samman National Campaign) का आधिकारिक शुभारंभ किया।

वयो सम्मान राष्ट्रीय अभियान के बारे में:
- परिचय: Vayo Samman National Campaign, एक राष्ट्रव्यापी सामाजिक समावेश पहल है, जो बुजुर्गों को केवल सामाजिक कल्याण का प्राप्तकर्ता मानने के बजाय उन्हें समाज के सक्रिय मार्गदर्शक के रूप में स्थापित करती है।
- मंत्रालय: इस अभियान का संचालन पूर्ण रूप से भारत सरकार के सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय (Ministry of Social Justice and Empowerment) द्वारा किया जा रहा है।
- अम्ब्रेला योजना: इसे अटल वयो अभ्युदय योजना (Atal Vayo Abhyuday Yojana – AVYAY) के अंतर्गत एक राष्ट्रीय अभियान के रूप में क्रियान्वित किया गया है।
- अभियान के मुख्य उद्देश्य:
- अकेलापन दूर करना: शहरीकरण और प्रवासन (Migration) के कारण बुजुर्गों में बढ़ते अकेलेपन और सामाजिक अलगाव को कम करना।
- डिजिटल साक्षरता और सुरक्षा: वरिष्ठ नागरिकों को डिजिटल उपकरणों के प्रति जागरूक करना और उन्हें साइबर धोखाधड़ी (Cyber Fraud) से सुरक्षित रखना।
- अंतर-पीढ़ीगत एकजुटता (Intergenerational Bonding): युवाओं की ऊर्जा (Energy) और बुजुर्गों के अनुभव (Experience) का समन्वय स्थापित कर पारिवारिक एवं सामाजिक मूल्यों को पुनर्जीवित करना।
- ‘5C’ मॉडल आधारित तकनीकी ढांचा (5C Model Framework): यह राष्ट्रीय अभियान मुख्य रूप से समुदाय आधारित जुड़ाव के लिए ‘5C’ मॉडल पर काम करता है:
- जुड़ें (Connect): शैक्षणिक संस्थानों और सामुदायिक मंचों के माध्यम से युवाओं और वरिष्ठ नागरिकों के बीच व्यावहारिक जुड़ाव के अवसर बनाना।
- संवाद करें (Converse): अनुभवों, कहानियों और मौखिक इतिहास के आदान-प्रदान के लिए नियमित चर्चाएं आयोजित करना।
- सह-निर्माण करें (Co-create): दोनों पीढ़ियों को मिलकर कला, संस्कृति और सामाजिक गतिविधियों में योगदान देने के लिए मंच प्रदान करना।
- योगदान दें (Contribute): सामुदायिक कल्याण के कार्यों में बुजुर्गों की विशेषज्ञता और युवाओं के श्रम का साझा उपयोग करना।
- निरंतरता रखें (Continue): इस जुड़ाव को एकबारगी गतिविधि न रखकर इसे समाज की एक स्थायी और निरंतर चलने वाली व्यवस्था बनाना।
- वयो साथी स्वयंसेवक पहल (Vayo SAATHI Volunteer Initiative):
- स्वयंसेवक तंत्र: इसके तहत 18 वर्ष और उससे अधिक आयु के युवाओं को वरिष्ठ नागरिकों की सहायता के लिए वयो साथी (Vayo SAATHI) के रूप में पंजीकृत किया जा रहा है।
- SAATHI का अर्थ: Support (सहयोग), Awareness (जागरूकता), Assistance (सहायता), Training (प्रशिक्षण), Health (स्वास्थ्य) और Inclusion (समावेश)।
- पंजीकरण और प्रमाणन: युवा स्वयंसेवक SCW SAMAVESH पोर्टल या JEEVAN मोबाइल एप्लीकेशन के माध्यम से पंजीकरण कर सकते हैं, जिन्हें सेवा मील के पत्थर पूरे करने पर आधिकारिक डिजिटल प्रमाण पत्र दिए जाएंगे।
- लक्षित विषयगत क्षेत्र (12 Thematic Areas): यह अभियान देश के प्रत्येक गांव और मोहल्ले तक पहुंचने के लिए 12 विशेष विषयगत क्षेत्रों पर केंद्रित है:
- ’30 मिनट्स टुगेदर’ (30 Minutes Together): प्रतिदिन युवाओं द्वारा बुजुर्गों के साथ कम से कम आधा घंटा बिताने को प्रोत्साहित करना।
- डिजिटल दादा-दादी / डिजिटल साथी: युवाओं द्वारा वरिष्ठ नागरिकों को स्मार्टफोन संचालन, डिजिटल बैंकिंग और सरकारी पोर्टल का उपयोग सिखाना।
- सिल्वर स्किल्स – मेंटर्स के रूप में वरिष्ठ नागरिक (Silver Skills – Seniors as Mentors): युवाओं को करियर और जीवन मूल्यों के लिए बुजुर्गों से मार्गदर्शन दिलाना।
- माई स्टोरी, माई इंडिया (My Story, My India): देश के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक अनुभवों को मौखिक इतिहास के रूप में सहेजना।
- समझौते और मैनुअल विमोचन:
- एमओयू (MoU) पर हस्ताक्षर: समारोह के दौरान मंत्रालय ने वरिष्ठ नागरिकों के समग्र कल्याण और आध्यात्मिक स्वास्थ्य (Wellness) के लिए दो प्रमुख संगठनों—श्री राम चंद्र मिशन और अध्यात्म विज्ञान सत्संग केंद्र, जोधपुर के साथ समझौता ज्ञापनों का आदान-प्रदान किया।
- हैंडबुक का विमोचन: राज्यों, जिलों और स्थानीय निकायों की प्रशासनिक भूमिका को स्पष्ट करने के लिए एक विस्तृत ‘अभियान कार्यान्वयन नियमावली’ (Handbook on Vayo Samman Rashtriya Abhiyan) जारी की गई है।
अभियान का राष्ट्रीय महत्व:
- जनसांख्यिकीय बदलाव (Demographic Shift): आधिकारिक अनुमानों के अनुसार, भारत में 60 वर्ष और उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों की संख्या वर्ष 2011 के लगभग 10 करोड़ से बढ़कर 2036 तक 23 करोड़ होने की संभावना है। कुल जनसंख्या में उनकी हिस्सेदारी 8.4% से बढ़कर 14.9% हो जाएगी। ऐसे में बुजुर्गों के अनुकूल सामाजिक बुनियादी ढांचे (Elderly Care Initiatives India) का निर्माण करना अनिवार्य है।
- सामाजिक सुरक्षा चक्र का सुदृढ़ीकरण: एकल परिवारों के बढ़ते चलन और महानगरीय प्रवासन ने पारिवारिक देखभाल प्रणालियों को कमजोर किया है। यह अभियान राज्य और समाज के बीच एक सेतु बनाकर बुजुर्गों के अधिकारों (Senior Citizens Rights in India) की रक्षा करता है।
- सॉफ्ट पावर और मूल्य आधारित समाज: युवाओं को “एक दीया बुजुर्गों के सम्मान में” जलाने जैसी सांस्कृतिक पहलों से जोड़कर यह अभियान सामाजिक संवेदनशीलता को बढ़ावा देता है, जिससे वृद्धों के प्रति होने वाले अपराधों में कमी आ सकती है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
प्रश्न 1: वयो सम्मान राष्ट्रीय अभियान क्या है?
उत्तर: यह वरिष्ठ नागरिकों के सामाजिक समावेश, सम्मान और कल्याण को बढ़ावा देने तथा युवा पीढ़ी के साथ उनके संबंधों को मजबूत करने वाला एक राष्ट्रीय अंतर-पीढ़ीगत जुड़ाव अभियान (National Campaign for Elderly People) है।
प्रश्न 2: वयो सम्मान राष्ट्रीय अभियान की शुरुआत किसने की?
उत्तर: इस राष्ट्रव्यापी अभियान का शुभारंभ केंद्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार द्वारा नई दिल्ली में किया गया।
प्रश्न 3: वयो सम्मान अभियान किस योजना के अंतर्गत शुरू किया गया है?
उत्तर: यह अभियान भारत सरकार की वरिष्ठ नागरिक कल्याण योजना (Senior Citizens Welfare Scheme India) के तहत मुख्य अम्ब्रेला कार्यक्रम अटल वयो अभ्युदय योजना (AVYAY) के अंतर्गत संचालित किया जा रहा है।
प्रश्न 4: वयो सम्मान राष्ट्रीय अभियान का मुख्य उद्देश्य क्या है?
उत्तर: इसका मुख्य उद्देश्य बुजुर्गों का अकेलापन दूर करना, उनका डिजिटल सशक्तिकरण करना तथा समाज में उनके ज्ञान और योगदान को सम्मान (Senior Citizens Contribution to Society) दिलाना है।
प्रश्न 5: इस अभियान के तहत किन आयु वर्ग के वरिष्ठ नागरिकों को शामिल किया जाएगा?
उत्तर: इस अभियान के तहत 60 वर्ष और उससे अधिक आयु के सभी वरिष्ठ नागरिकों को लक्षित किया गया है, जबकि स्वयंसेवक के रूप में 18 वर्ष से अधिक आयु के युवा (Vayo SAATHI) भाग ले सकते हैं।