अभिज्ञान ऐप
संदर्भ:
हाल ही में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 26वें अखिल भारतीय फिंगरप्रिंट सम्मेलन के दौरान आधिकारिक तौर पर ‘अभिज्ञान’ ऐप (Abhigyan App) का शुभारंभ किया।
अभिज्ञान ऐप क्या है? (What is Abhigyan App?)
- परिचय: ‘अभिज्ञान’ ऐप (Abhigyan App) एक अत्याधुनिक मोबाइल गवर्नेंस (Mobile Governance) आधारित सरकारी मोबाइल एप्लिकेशन (Government Mobile Application) है।
- यह ऑन-फील्ड पुलिस कर्मियों को सीधे उनके स्मार्टफोन के माध्यम से संदिग्धों और अपराधियों की फिंगरप्रिंट-आधारित रियल-टाइम पहचान करने की क्षमता प्रदान करता है।
- यह तकनीक राष्ट्रीय स्वचालित फिंगरप्रिंट पहचान प्रणाली (NAFIS) के एक पोर्टेबल वर्जन के रूप में कार्य करती है।
- उद्देश्य: इसका प्राथमिक उद्देश्य आपराधिक जांच और संदिग्धों के सत्यापन की प्रक्रिया को अत्यधिक तीव्र, वैज्ञानिक और सटीक बनाना है।
- विकासकर्ता (Developed By): इस ऐप का विकास राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB – National Crime Records Bureau) द्वारा पूरी तरह स्वदेशी स्तर पर किया गया है।
- सहयोग (Collaboration): यह ऐप केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) के मार्गदर्शन में डिजिटल इंडिया पहल (Digital India Initiative) के तहत विभिन्न राज्यों की पुलिस डेटाबेस प्रणालियों और आपराधिक प्रक्रिया (पहचान) अधिनियम, 2022 (CrPI Act) के तकनीकी बुनियादी ढांचे के साथ मिलकर सहयोग करता है।
प्रमुख विशेषताएं:
- त्वरित परिणाम क्षमता (Instant Response Time): इस ऐप के माध्यम से केवल 9 से 35 सेकंड के भीतर किसी भी संदिग्ध व्यक्ति की विशिष्ट पहचान और उसका पिछला आपराधिक रिकॉर्ड ऑन-स्क्रीन आ जाता है।
- विशाल डेटाबेस कनेक्टिविटी (Massive Database Access): यह सीधे 1.29 करोड़ से अधिक आरोपियों और अपराधियों के केंद्रीय फिंगरप्रिंट डेटाबेस (NAFIS) से जुड़ा हुआ है।
- अत्याधुनिक सुरक्षा (High Security): ऐप डेटा सुरक्षा को अक्षुण्ण रखने के लिए टू-स्टेप ऑथेंटिकेशन (Two-Step Authentication) और सुरक्षित यूजर क्रेडेंशियल्स लॉगिन व्यवस्था से लैस है।
- पोर्टेबिलिटी और गतिशीलता (Mobility): पहले फिंगरप्रिंट मिलान केवल पुलिस थानों के फिक्स टर्मिनलों पर होता था, लेकिन अब यह सड़क पर एक हैंडहेल्ड स्कैनर और स्मार्टफोन की मदद से संभव है।
- एकल प्लेटफॉर्म एकीकरण (Single Platform Integration): इसमें फिंगरप्रिंट कैप्चर, पेंडिंग केसेस, सर्च हिस्ट्री जैसी विविध श्रेणियों को एक ही यूजर इंटरफेस पर समाहित किया गया है।
- अंतर-एजेंसी समन्वय (Inter-Agency Coordination): यह विभिन्न राज्यों के कानून प्रवर्तन बलों और केंद्रीय जांच एजेंसियों के बीच वास्तविक समय में सूचना साझा करने की सुविधा देता है।
महत्व:
यह ऐप स्मार्ट गवर्नेंस (Smart Governance) के सिद्धांतों का सटीक उदाहरण है। इस तकनीकी नवाचार (Technology Innovation) से पारंपरिक कागजी कार्रवाई खत्म होगी, समय की भारी बचत होगी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर सजा की दर (Conviction Rate) में सुधार होगा। /
FAQs:
प्रश्न 1: अभिज्ञान ऐप क्या है?
उत्तर: यह राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) द्वारा विकसित एक उन्नत मोबाइल ऐप है, जो फिंगरप्रिंट के जरिए 35 सेकंड में संदिग्धों की पहचान करता है।
प्रश्न 2: अभिज्ञान ऐप किसने लॉन्च किया?
उत्तर: इस अत्याधुनिक ऐप को केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने नई दिल्ली में 26वें अखिल भारतीय फिंगरप्रिंट सम्मेलन के दौरान लॉन्च किया।
प्रश्न 3: इसका उद्देश्य क्या है?
उत्तर: इसका उद्देश्य पुलिस और जांच एजेंसियों को चलते-फिरते (On the go) अपराधियों के फिंगरप्रिंट और रिकॉर्ड्स को सत्यापित करने की त्वरित सुविधा देना है।
प्रश्न 4: नागरिकों को इससे क्या लाभ होगा?
उत्तर: इससे अपराधियों की त्वरित धरपकड़ होगी, जिससे समाज में अपराध नियंत्रण मजबूत होगा और आम नागरिकों को एक सुरक्षित सामाजिक वातावरण प्राप्त होगा।
प्रश्न 5: यह ऐप कैसे काम करता है?
उत्तर: पुलिसकर्मी ऐप में लॉगिन कर हैंडहेल्ड स्कैनर से संदिग्ध के अंगूठे का निशान लेते हैं, जो तुरंत NAFIS डेटाबेस से मिलान कर परिणाम दिखाता है।है।
