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संदर्भ:
हाल ही में भारतीय तटरक्षक बल (Indian Coast Guard – ICG) द्वारा गोवा शिपयार्ड लिमिटेड (GSL) में स्वदेशी फास्ट पेट्रोल वेसल आईसीजीएस अजीत (ICGS Ajit Fast Patrol Vessel) को आधिकारिक रूप से कमीशन किया गया।
स्वदेशी फास्ट पेट्रोल वेसल “ICGS Ajit” के बारे में:
- श्रेणी: यह पोत अत्याधुनिक अदम्य श्रेणी (Adamya Class Fast Patrol Vessel) के अंतर्गत आता है।
- यह कुल आठ अनुबंधित पोतों की शृंखला में सातवां अदम्य कक्षा का फास्ट पेट्रोल वेसल (Seventh Adamya Class Vessel) है।
- निर्माता: गोवा शिपयार्ड लिमिटेड (GSL) द्वारा इसका निर्माण किया गया।
- परियोजना पृष्ठभूमि: रक्षा मंत्रालय ने मार्च 2022 में गोवा शिपयार्ड लिमिटेड (GSL) के साथ ₹473 करोड़ की कुल लागत से आठ FPVs के निर्माण का अनुबंध किया था। इस शृंखला का पहला पोत ‘आईसीजीएस अदम्य’ जून 2025 में बेड़े में शामिल हुआ था।
- कमीशनिंग: इस पोत का जलावतरण और कमीशनिंग समारोह डॉ. शिरीष चौधरी (प्रधान एकीकृत वित्तीय सलाहकार, ICG) की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। GSL ने तय समय सीमा से पहले 25 अगस्त 2026 को ही इसे तटरक्षक बल को सौंप दिया था।
- विशिष्टताएँ:
- लंबाई और चौड़ाई: इस फास्ट पेट्रोल वेसल की कुल लंबाई 51.43 से 52 मीटर और चौड़ाई लगभग 8 मीटर है।
- विस्थापन (Displacement): इसका कुल मानक विस्थापन 320 से 330 टन है।
- चालक दल (Crew): इसे संचालित करने के लिए 6 अधिकारी और 35 नाविक (कुल 39 कर्मी) तैनात रहेंगे।
- प्रणोदन प्रणाली (Propulsion): इसमें जुड़वां समुद्री डीजल इंजन लगे हैं जो कंट्रोलर पिच प्रोपेलर (Controllable Pitch Propellers – CPP) और स्वदेशी गियरबॉक्स को शक्ति प्रदान करते हैं। भारत में इस श्रेणी के FPVs में यह अनूठी तकनीक पहली बार पेश की गई है।
- गति और सहनशक्ति (Speed & Endurance): यह पोत 27 नॉट (समुद्री मील प्रति घंटा) से अधिक की अधिकतम गति प्राप्त कर सकता है। 14 नॉट की क्रूज़िंग गति पर इसकी निरंतर परिचालन क्षमता (Endurance) 1,500 समुद्री मील (Nautical Miles) है।
- आत्मनिर्भर रक्षा (Atmanirbhar Bharat Defence): आईसीजीएस अजीत में 60% से 65% से अधिक सामग्री पूर्णतः स्वदेशी है, जो घरेलू रक्षा विनिर्माण की क्षमता को प्रमाणित करती है।
- एकीकृत प्रणालियाँ: यह पोत अत्याधुनिक ‘एकीकृत पुल प्रणाली’ (Integrated Bridge System) और ‘एकीकृत मंच प्रबंधन प्रणाली’ (Integrated Platform Management System) से लैस है, जो वास्तविक समय में ऑनबोर्ड उपकरणों की निगरानी और नियंत्रण सुनिश्चित करती है।
- घातक हथियार (Advanced Weaponry): मुख्य आक्रामक क्षमता के रूप में इस पर एक 30mm सीआरएन-91 (CRN 91) नौसैनिक गन और दो 12.7mm मशीन गन स्थापित हैं। ये सभी हथियार रिमोटली कंट्रोल्ड और स्टेबलाइज्ड माउंट्स पर फिट हैं, जो रात के घने अंधेरे और खराब मौसम में भी सटीक निशाना लगाने में सक्षम हैं।
महत्व:
- रणनीतिक तैनाती (Strategic Deployment): आईसीजीएस अजीत को गुजरात के ओखा (Okha) में स्थायी रूप से तैनात किया जाएगा। यह क्षेत्र अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा रेखा (IMBL) के निकट होने, व्यस्त वैश्विक समुद्री मार्गों (Sea Lanes of Communication) और विशाल तटीय औद्योगिक परिसंपत्तियों के कारण सामरिक रूप से अत्यंत संवेदनशील है।
- समुद्री निगरानी और संप्रभुता (Indian Maritime Surveillance): भारत के 200 समुद्री मील के विशेष आर्थिक क्षेत्र (EEZ) की सुरक्षा, विदेशी घुसपैठ को रोकने और द्वीप क्षेत्रों की निरंतर निगरानी के लिए यह त्वरित प्रतिक्रिया पोत (Quick-Response Vessel) बल के परिचालन दायरे को बढ़ाएगा।
- अवैध गतिविधियों पर अंकुश (Anti-Smuggling Operations): अरब सागर में हथियारों, नशीले पदार्थों की तस्करी और समुद्री डकैती (Anti-Piracy) जैसी गैर-पारंपरिक सुरक्षा चुनौतियों से निपटने में तटरक्षक बल को एक धारदार बढ़त मिलेगी।
- खोज एवं बचाव और आपदा राहत (Search and Rescue – SAR): चक्रवात या दुर्घटनाओं के समय गहरे समुद्र में संकटग्रस्त मछुआरों और वाणिज्यिक जहाजों को तत्काल चिकित्सा और सुरक्षा सहायता प्रदान करने में इसकी तीव्र गति मील का पत्थर साबित होगी।
- पर्यावरणीय सुरक्षा (Marine Pollution Response): यह पोत उन्नत प्रदूषण नियंत्रण उपकरणों से लैस है, जो तेल रिसाव (Oil Spills) जैसी समुद्री पर्यावरण की आपदाओं का तुरंत मुकाबला कर संवेदनशील तटीय पारिस्थितिकी तंत्र की रक्षा कर सकता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
प्रश्न 1: ICGS अजीत क्या है और इसे किस उद्देश्य से कमीशन किया गया है?
उत्तर: आईसीजीएस अजीत (Indian Coast Guard Ship Ajit) भारत में डिजाइन और निर्मित एक अत्याधुनिक स्वदेशी फास्ट पेट्रोल वेसल (FPV) है। इसे भारत के विशेष आर्थिक क्षेत्र की निगरानी, समुद्री सुरक्षा और तटीय रक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से कमीशन किया गया है।
प्रश्न 2: ICGS अजीत अदम्य श्रेणी का कौन-सा फास्ट पेट्रोल वेसल है?
उत्तर: आईसीजीएस अजीत गोवा शिपयार्ड लिमिटेड (GSL) द्वारा भारतीय तटरक्षक बल के लिए बनाए जा रहे कुल आठ पोतों के बेड़े में सातवां अदम्य श्रेणी का फास्ट पेट्रोल वेसल है।
प्रश्न 3: स्वदेशी फास्ट पेट्रोल वेसल की प्रमुख विशेषताएं क्या हैं?
उत्तर: यह 52 मीटर लंबा पोत है जिसका विस्थापन 330 टन है। इसमें 65% से अधिक स्वदेशी सामग्री, रिमोट-कंट्रोल्ड 30mm नौसैनिक गन, और भारत में पहली बार इस्तेमाल की गई कंट्रोलर पिच प्रोपेलर तकनीक शामिल है। इसकी अधिकतम गति 27 नॉट से अधिक है।
प्रश्न 4: भारतीय तटरक्षक बल में ICGS अजीत की क्या भूमिका होगी?
उत्तर: यह पोत मुख्य रूप से गुजरात के ओखा तट पर तैनात रहकर अरब सागर में समुद्री निगरानी, तस्करी-रोधी अभियानों, खोज एवं बचाव कार्यों और समुद्री प्रदूषण नियंत्रण में मुख्य भूमिका निभाएगा।
प्रश्न 5: ICGS अजीत भारत की समुद्री सुरक्षा को कैसे मजबूत करेगा?
उत्तर: यह अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमाओं के पास त्वरित प्रतिक्रिया (Quick-Response) क्षमता प्रदान करता है, जिससे देश की तटीय सुरक्षा (Coastal Security India) अभेद्य बनती है और ‘मेक इन इंडिया’ के तहत समुद्री क्षेत्र में विदेशी प्रणालियों पर निर्भरता समाप्त होती है।
