न्यू डेवलपमेंट बैंक

संदर्भ:
हाल ही में जिम्बाब्वे ने न्यू डेवलपमेंट बैंक (NDB) के साथ औपचारिक सदस्यता हेतु वार्ता शुरू कर दी है। न्यू डेवलपमेंट बैंक (NDB) की अध्यक्ष डिल्मा रूसेफ की ओर से सदस्यता प्रक्रिया शुरू करने की आधिकारिक मंजूरी मिल गई है। जिम्बाब्वे ने 2023 में पहली बार इसमें रुचि दिखाई थी और मार्च 2025 में इसके लिए औपचारिक आवेदन प्रस्तुत किया था।
न्यू डेवलपमेंट बैंक (NDB) क्या हैं?
न्यू डेवलपमेंट बैंक (NDB), जिसे पहले ब्रिक्स बैंक (BRICS Bank) के नाम से जाना जाता था, उभरती अर्थव्यवस्थाओं द्वारा स्थापित एक बहुपक्षीय विकास बैंक है। इसका मुख्य उद्देश्य विकासशील देशों में बुनियादी ढांचे और सतत विकास परियोजनाओं के लिए वित्तीय संसाधन जुटाना है।
- विचार की शुरुआत: इस बैंक की स्थापना का विचार पहली बार 2012 में नई दिल्ली में आयोजित चौथे ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भारत द्वारा प्रस्तुत किया गया था।
- फोर्टालेजा समझौता: इसके गठन के लिए आधिकारिक समझौते पर 15 जुलाई 2014 को ब्राजील के फोर्टालेजा में आयोजित छठे ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान हस्ताक्षर किए गए थे।
- संचालन: बैंक ने 21 जुलाई 2015 से अपना औपचारिक कामकाज शुरू किया। भारत के के. वी. कामथ इसके पहले निर्वाचित अध्यक्ष बने थे।
संगठनात्मक संरचना:
- मुख्यालय: इसका स्थायी मुख्यालय शंघाई, चीन में स्थित है।
- क्षेत्रीय कार्यालय: स्थानीय स्तर पर बेहतर समन्वय के लिए इसके क्षेत्रीय कार्यालय जोहान्सबर्ग (दक्षिण अफ्रीका), साओ पाउलो (ब्राजील), और भारत के गिफ्ट सिटी (गुजरात) में स्थापित किए गए हैं।
- नेतृत्व: वर्तमान में ब्राजील की पूर्व राष्ट्रपति डिल्मा रूसेफ एनडीबी की अध्यक्ष हैं।
- वोटिंग का अधिकार: इस बैंक की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि सभी संस्थापक सदस्यों के पास समान मतदान अधिकार (Equal Voting Rights) हैं और किसी भी देश के पास ‘वीटो पावर’ नहीं है।
सदस्यता का विस्तार:
शुरुआत में इसमें केवल पांच संस्थापक देश (ब्राजील, रूस, भारत, चीन, दक्षिण अफ्रीका) शामिल थे। लेकिन अब इसके कुल 11 सदस्य देश हो चुके हैं:
- संस्थापक सदस्य: ब्राजील, रूस, भारत, चीन, दक्षिण अफ्रीका।
- नए सदस्य: बांग्लादेश, संयुक्त अरब अमीरात (UAE), मिस्र (Egypt), अल्जीरिया, कोलंबिया और उज्बेकिस्तान।
(नोट: नियम के अनुसार संस्थापक ब्रिक्स देशों का कुल वोटिंग शेयर कभी भी 55% से कम नहीं हो सकता।)
वित्तीय पूंजी:
- अधिकृत पूंजी: बैंक की प्रारंभिक अधिकृत पूंजी 100 बिलियन अमेरिकी डॉलर है। इसकी प्रारंभिक सबसब्सक्राइब्ड पूंजी 50 बिलियन डॉलर थी, जिसे संस्थापक सदस्यों द्वारा समान रूप से साझा किया गया था।
- क्रेडिट रेटिंग: वित्तीय स्थिरता के मामले में एनडीबी को एसएंडपी (S&P) ग्लोबल रेटिंग्स और फिच रेटिंग्स द्वारा AA+ रेटिंग दी गई है, जो इसकी मजबूत वैश्विक साख को दर्शाती है।
- प्रमुख क्षेत्र: यह बैंक विशेष रूप से स्वच्छ ऊर्जा, परिवहन, जल एवं स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक और डिजिटल बुनियादी ढांचे जैसी परियोजनाओं को ऋण (Loans), गारंटी और इक्विटी भागीदारी के माध्यम से वित्तपोषित करता है।
वैश्विक महत्व:
एनडीबी को पश्चिमी देशों के प्रभुत्व वाले विश्व बैंक (World Bank) और आईएमएफ (IMF) के पूरक के रूप में देखा जाता है। यह विकासशील देशों (Global South) को उनकी स्थानीय प्राथमिकताओं के अनुसार बिना किसी कठोर राजनीतिक शर्तों के वित्तीय सहायता प्रदान करता है, जिससे वैश्विक वित्तीय प्रशासन में अधिक संतुलन और बहुध्रुवीयता (Multipolarity) को बढ़ावा मिलता है।