बच्चों के लिए दुनिया की पहली मलेरिया दवा को WHO मंजूरी | World first malaria drug for children approved by WHO

संदर्भ:
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने हाल ही में नवजात शिशुओं और छोटे बच्चों के लिए दुनिया की पहली मलेरिया दवा आर्टेमेदर-ल्युमेफैंट्रिन को प्रीक्वालिफिकेशन (Prequalification) मंजूरी प्रदान की।
महत्वपूर्ण तथ्य:
- नाम: आर्टेमेदर-ल्युमेफैंट्रिन दवा का व्यापारिक नाम कोआर्टेम बेबी (Coartem Baby) है, जिसे नोवार्टिस (Novartis) ने ‘मेडिसिन्स फॉर मलेरिया वेंचर’ (MMV) के सहयोग से विकसित किया है।
- संयोजन: इसमें दो सक्रिय तत्व हैं—आर्टेमेदर (Artemether) और ल्युमेफैंट्रिन (Lumefantrine)।
- लक्षित समूह: यह विशेष रूप से 2 से 5 किलोग्राम वजन वाले नवजात शिशुओं और शिशुओं के लिए डिज़ाइन की गई पहली दवा है।
- साझेदारी: इसे फार्मास्युटिकल कंपनी नोवार्टिस (Novartis) ने ‘मेडिसिन्स फॉर मलेरिया वेंचर’ (MMV) और PAMAfrica कंसोर्टियम के साथ मिलकर विकसित किया है।
- विशेषताएँ: यह एक घुलनशील टैबलेट है जिसे मां के दूध या पानी में मिलाया जा सकता है। बच्चों के लिए इसे आसान बनाने के लिए इसमें ‘स्वीट चेरी फ्लेवर’ दिया गया है।
- उपचार अंतराल (Treatment Gap): अब तक 5 किलो से कम वजन वाले शिशुओं के लिए कोई स्वीकृत दवा नहीं थी।
- डॉक्टर अक्सर बड़े बच्चों की गोलियों को पीसकर देते थे, जिससे ओवरडोज और टॉक्सिसिटी का खतरा रहता था। यह दवा उस ‘ट्रीटमेंट गैप’ को भरती है।
- वैज्ञानिक आधार (CALINA Study): इस दवा की प्रभावकारिता और सुरक्षा का परीक्षण CALINA स्टडी (Phase II/III क्लीनिकल ट्रायल) के माध्यम से किया गया, जिसमें अफ्रीका के 8 देशों ने भाग लिया।
- प्रभावकारिता: कोहोर्ट-1 (>28 दिन) में 29वें दिन तक मलेरिया मुक्ति दर (PCR-corrected ACPR) 95.5% और कोहोर्ट-2 (≤28 दिन) में 100% रही।
- 12 महीने के बाद किए गए न्यूरो-डेवलपमेंटल मूल्यांकन में बच्चे सामान्य पाए गए।
- WHO प्रीक्वालिफिकेशन: यह दर्जा दर्शाता है कि दवा गुणवत्ता, सुरक्षा और प्रभावकारिता के अंतरराष्ट्रीय मानकों को पूरा करती है। इसके बाद यूनिसेफ (UNICEF) जैसी एजेंसियां इसे बड़े पैमाने पर खरीद और वितरित कर सकेंगी।
- गैर-लाभकारी वितरण: नोवार्टिस इस दवा को मलेरिया-स्थानिक (Endemic) क्षेत्रों में काफी हद तक गैर-लाभकारी (Not-for-profit) आधार पर उपलब्ध कराएगा।
मलेरिया का परिदृश्य:
- मृत्यु दर: 2024 में वैश्विक स्तर पर मलेरिया के 28.2 करोड़ मामले और 6,10,000 मौतें दर्ज की गईं। इनमें से लगभग 75% मौतें 5 वर्ष से कम उम्र के बच्चों की थीं।
- चुनौतियां: दवा और कीटनाशक प्रतिरोध (Resistance), नैदानिक विफलता और विदेशी सहायता में कमी मलेरिया उन्मूलन में मुख्य बाधाएं हैं।
- नए डायग्नोस्टिक टेस्ट: WHO ने हाल ही में उन मलेरिया स्ट्रेन का पता लगाने के लिए BIOCREDIT लाइन के तीन नए रैपिड डायग्नोस्टिक टेस्ट (RDTs) को भी मंजूरी दी है, जो पुराने टेस्टों से बच निकलते थे।
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मलेरिया वैक्सीन: यह दवा उपचार (Treatment) के लिए है, जबकि रोकथाम (Prevention) के लिए WHO ने पहले ही दो टीकों की सिफारिश की है:
- RTS,S/AS01 (Mosquirix): दुनिया का पहला मलेरिया टीका।
- R21/Matrix-M: ऑक्सफोर्ड और सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (SII) द्वारा विकसित अधिक किफायती टीका।