संयुक्त राष्ट्र महासभा (United Nations General Assembly)

संदर्भ:
हाल ही में बांग्लादेश के विदेश मंत्री खलीलुर रहमान को संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 81वें सत्र का अध्यक्ष चुना गया। 2 जून 2026 को न्यूयॉर्क स्थित UN Headquarters में हुए एक कड़े मुकाबले वाले गुप्त मतदान में बांग्लादेश ने जीत हासिल की। यह सत्र 8 सितंबर 2026 से आधिकारिक रूप से शुरू होगा।
- उन्होंने साइप्रस के उम्मीदवार एंड्रियास एस. काकौरिस को पराजित किया। कुल 190 मतों में से खलीलुर रहमान को 99 वोट मिले, जबकि साइप्रस के उम्मीदवार को 91 वोट प्राप्त हुए।
संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के बारे में:
संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) संयुक्त राष्ट्र का मुख्य नीति-निर्माता, विचार-विमर्श और प्रतिनिधि अंग है, जिसकी स्थापना 1945 में यूएन चार्टर के तहत हुई थी।
- न्यूयॉर्क स्थित मुख्यालय वाली इस सभा में सभी 193 सदस्य देशों को समान प्रतिनिधित्व प्राप्त है और प्रत्येक देश के पास एक वोट होता है।
- इसे विश्व की ‘लघु संसद’ भी कहा जाता है। वैश्विक कूटनीति में बहुपक्षीय संवाद के लिए यह दुनिया का सबसे बड़ा मंच है।
महासभा की संरचना:
महासभा का नियमित सत्र प्रतिवर्ष सितंबर से दिसंबर (मुख्य भाग) और आवश्यकतानुसार जनवरी से सितंबर (पुनः शुरू भाग) तक चलता है। सुचारू संचालन के लिए महासभा अपनी 6 मुख्य समितियों के माध्यम से कार्य करती है:
- प्रथम समिति: निरस्त्रीकरण और अंतर्राष्ट्रीय सुरक्षा (Disarmament & International Security)
- द्वितीय समिति: आर्थिक और वित्तीय (Economic & Financial)
- तृतीय समिति: सामाजिक, मानवीय और सांस्कृतिक (Social, Humanitarian & Cultural)
- चतुर्थ समिति: विशेष राजनीतिक और विउपनिवेशीकरण (Special Political & Decolonization)
- पंचम समिति: प्रशासनिक और बजटीय (Administrative & Budgetary)
- षष्ठम समिति: कानूनी या विधिक (Legal)
इसके अतिरिक्त, सामान्य समिति (General Committee) में महासभा अध्यक्ष, 21 उपाध्यक्ष और इन छह समितियों के अध्यक्ष शामिल होते हैं जो सत्र के एजेंडे का प्रबंधन करते हैं।
महासभा की शक्तियां और कार्य:
यूएन चार्टर के अध्याय 4 के तहत महासभा को व्यापक शक्तियां प्राप्त हैं:
- बजटीय नियंत्रण: संयुक्त राष्ट्र के वार्षिक बजट पर विचार करना, उसे मंजूरी देना और सदस्य देशों का वित्तीय योगदान तय करना।
- नियुक्ति संबंधी शक्तियां: सुरक्षा परिषद की सिफारिश पर महासचिव (Secretary-General) की नियुक्ति करना। सुरक्षा परिषद के 10 अस्थायी सदस्यों, आर्थिक व सामाजिक परिषद (ECOSOC) के 54 सदस्यों और अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय (ICJ) के न्यायाधीशों का चुनाव करना।
- शांति और सुरक्षा के लिए सहकारिता: वैश्विक शांति, सुरक्षा और निरस्त्रीकरण के सिद्धांतों पर सिफारिशें देना।
- शांति के लिए एकता प्रस्ताव (Uniting for Peace Resolution 1950): यदि सुरक्षा परिषद (UNSC) स्थायी सदस्यों के वीटो के कारण किसी आक्रामक मामले में निर्णय लेने में विफल रहती है, तो महासभा 24 घंटे के भीतर आपातकालीन सत्र बुलाकर सामूहिक सैन्य कार्रवाई की सिफारिश कर सकती है।
- मतदान प्रणाली: शांति-सुरक्षा, बजट और नए सदस्यों के प्रवेश जैसे महत्वपूर्ण निर्णयों के लिए दो-तिहाई (2/3) बहुमत की आवश्यकता होती है, जबकि सामान्य मामले सामान्य बहुमत से तय होते हैं। हालांकि, अधिकांश प्रस्ताव आम सहमति (Consensus) से पारित किए जाते हैं।
- प्रस्तावों की प्रकृति: महासभा द्वारा पारित प्रस्ताव सदस्य देशों के लिए कानूनी रूप से बाध्यकारी नहीं होते हैं, लेकिन वे वैश्विक जनमत और नैतिक दबाव का प्रतिनिधित्व करते हैं।
संयुक्त राष्ट्र महासभा अध्यक्ष का पद:
- समय सीमा: अध्यक्ष का चुनाव नए सत्र की शुरुआत से कम से कम तीन महीने पहले किया जाता है।
- भौगोलिक रोटेशन (Equitable Geographical Rotation): निष्पक्षता बनाए रखने के लिए अध्यक्ष का पद हर साल पांच क्षेत्रीय समूहों के बीच घूमता है: (1) अफ्रीकी देश, (2) एशिया-प्रशांत देश, (3) पूर्वी यूरोपीय देश, (4) लैटिन अमेरिकी और कैरेबियाई देश, (5) पश्चिमी यूरोपीय और अन्य देश।
- कार्यकाल: अध्यक्ष का कार्यकाल 1 वर्ष का होता है और वे पुनः चुनाव के पात्र नहीं होते हैं।
- अध्यक्ष की भूमिका:
- सत्र का संचालन: पूर्ण बैठकों (Plenary Meetings) को खोलना, स्थगित करना और कड़ाई से प्रक्रिया के नियमों (Rules of Procedure) का पालन कराना।
- वाद-विवाद पर नियंत्रण: वक्ताओं के बोलने का समय तय करना, बहस को बंद करने या स्थगित करने का प्रस्ताव रखना और ‘प्वाइंट ऑफ ऑर्डर’ (औचित्य का प्रश्न) पर तत्काल निर्णय देना।
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नोट: विजय लक्ष्मी पंडित संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के अध्यक्ष के रूप में चुनी जाने वाली एकमात्र भारतीय और दुनिया की पहली महिला हैं। उन्होंने 1953 में संयुक्त राष्ट्र महासभा के आठवें सत्र की अध्यक्षता की थी। |