Apni Pathshala

अरोमा मिशन के तहत ‘पर्पल रिवोल्यूशन’

अरोमा मिशन के तहत ‘पर्पल रिवोल्यूशन’

Purple Revolution under Aroma Mission

संदर्भ:

हाल ही में जम्मू-कश्मीर के भद्रवाह से शुरू हुई अरोमा मिशन के तहत संचालित ‘बैंगनी क्रांति’ (Purple Revolution) की सफलता को नागालैंड में और आगे बढ़ाने तथा पूर्वोत्तर क्षेत्र के पहाड़ी जनपदों में इसके व्यापक विस्तार पर विस्तृत चर्चा की गई।

‘बैंगनी क्रांति’ (Purple Revolution) क्या हैं?

  • परिचय: देश के गैर-पारंपरिक, पहाड़ी और ठंडे क्षेत्रों में उच्च-मूल्य वाली लैवेंडर की खेती (Lavender Cultivation) को बढ़ावा देकर सुगंधित फसलों पर आधारित नई अर्थव्यवस्था विकसित करने की पहल को बैंगनी क्रांति (Purple Revolution) कहा जाता है।
    • लैवेंडर के फूलों के चमकीले बैंगनी रंग के कारण इसे यह नाम दिया गया है।
  • उद्देश्य: इसका प्राथमिक उद्देश्य पारंपरिक फसलों के स्थान पर उच्च-मूल्य वाली सुगंधित फसलों (Aromatic Crops) को बढ़ावा देकर किसानों की आय (Farmer Income) में वृद्धि करना है। साथ ही, विदेशों से आयात होने वाले आवश्यक तेलों (Essential Oil) पर भारत की निर्भरता को समाप्त कर घरेलू उद्योगों को आत्मनिर्भर बनाना है।
  • शुरुआत: इस क्रांति का आगाज वर्ष 2016 में केंद्र सरकार द्वारा जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले के भद्रवाह क्षेत्र (Jammu Kashmir Lavender) से किया गया था, जिसे आज ‘भारत की लैवेंडर राजधानी’ के रूप में जाना जाता है।
  • संस्था: यह केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत वैज्ञानिक और औद्योगिक अनुसंधान परिषद (CSIR Aroma Mission) का एक प्रमुख राष्ट्रीय कार्यक्रम है।
    • इसकी नोडल प्रयोगशाला सीएसआईआर-केंद्रीय औषधीय एवं सुगंधित पौधा संस्थान (CSIR-CIMAP), लखनऊ है।
  • सहयोग: इस मिशन को जम्मू स्थित प्रयोगशाला ‘इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इंटीग्रेटिव मेडिसिन’ (IIIM Jammu) के तकनीकी सहयोग से जमीन पर उतारा गया है।
    • वर्तमान में इसे नागालैंड सरकार के कृषि एवं प्रौद्योगिकी विभागों तथा स्थानीय एग्री स्टार्टअप (Agri Startup) समूहों के सहयोग से पूर्वोत्तर में विस्तारित किया जा रहा है।

प्रमुख विशेषताएं: 

  • मुफ्त पौध वितरण: इस मिशन के तहत पहली बार लैवेंडर फार्मिंग (Lavender Farming) से जुड़ने वाले छोटे व सीमांत किसानों को उन्नत किस्म के पौधे मुफ्त में उपलब्ध कराए जाते हैं।
  • आसवन इकाइयां: लैवेंडर के फूलों से शुद्ध तेल निकालने के लिए उत्पादक क्षेत्रों के पास ही सरकार द्वारा आधुनिक डिस्टिलेशन प्रोसेसिंग और तकनीकी अवसंरचना इकाइयाँ स्थापित की जा रही हैं।
  • उच्च-मूल्य वाले उप-उत्पाद: इसका मुख्य उत्पाद लैवेंडर तेल है, जो बाजार में ₹10,000 प्रति लीटर तक बिकता है। इसके अतिरिक्त प्राप्त होने वाले लैवेंडर जल और हाइड्रोसोल (Hydrosol) का उपयोग अगरबत्ती, साबुन और सौंदर्य प्रसाधनों में होता है।
  • नागालैंड में रोडमैप: नागालैंड ने अनुकूल कृषि-जलवायु परिस्थितियों को देखते हुए इसे अपने पहाड़ी जिलों में जनजातीय आजीविका और समग्र कृषि विकास (Agricultural Development) का मुख्य जरिया बनाने की नीति अपनाई है।

इस क्रांति का महत्व:

  • ग्रामीण आजीविका (Rural Livelihood): पहाड़ी और भौगोलिक रूप से दुर्गम क्षेत्रों के छोटे किसानों के लिए यह नकदी फसल आर्थिक सुरक्षा कवच बन गई है, जिससे महिलाओं को रोजगार मिला है और समावेशी विकास सुनिश्चित हुआ है।
  • कृषि नवाचार (Agriculture Innovation): लैवेंडर एक बारहमासी और सूखा-प्रतिरोधी पौधा है, जिसे जंगली जानवरों या कीड़ों से नुकसान का खतरा न्यूनतम होता है। यह बंजर भूमि का भी कुशल उपयोग सुनिश्चित करता है।
  • फ्लोरीकल्चर का विकास: इसने भारत के पुष्प कृषि परिदृश्य (Floriculture India) को नई पहचान दी है, जिससे घरेलू स्तर पर सुगंध, इत्र और औषधीय पौधों (Medicinal Plants) से जुड़े उद्योगों को भारी बढ़ावा मिला है।

FAQs:

  1. पर्पल रिवोल्यूशन क्या है?

    यह पहाड़ी क्षेत्रों में लैवेंडर की व्यावसायिक खेती को बढ़ावा देकर किसानों की आर्थिक स्थिति बदलने वाली एक अनूठी कृषि क्रांति है।

  2. अरोमा मिशन क्या है?

    सीएसआईआर द्वारा शुरू किया गया यह एक राष्ट्रीय मिशन है, जिसका उद्देश्य सुगंधित पौधों की खेती और उससे जुड़े उद्योगों को बढ़ावा देना है।

  3. पर्पल रिवोल्यूशन का किसानों को क्या लाभ है?

    इससे किसानों को कम लागत में पारंपरिक फसलों की तुलना में कई गुना अधिक शुद्ध मुनाफा और मूल्यवान लैवेंडर तेल प्राप्त होता है।

  4. लैवेंडर की खेती कहाँ सबसे अधिक की जाती है?

    भारत में इसकी खेती सबसे पहले और सर्वाधिक जम्मू-कश्मीर के डोडा (भद्रवाह) जिले में की गई, और अब यह नागालैंड में बढ़ रही है।

  5. CSIR अरोमा मिशन का उद्देश्य क्या है?

    इसका उद्देश्य आवश्यक तेलों के घरेलू उत्पादन को बढ़ाना, बंजर भूमि का उपयोग करना और ग्रामीण रोजगार सृजित करना है।

Share Now ➤

क्या आपको Apni Pathshala के Courses, RNA PDF, Current Affairs, Test Series और Books से सम्बंधित कोई जानकारी चाहिए? तो हमारी विशेषज्ञ काउंसलर टीम आपकी सिर्फ समस्याओं के समाधान में ही मदद नहीं करेगीं, बल्कि आपको व्यक्तिगत अध्ययन योजना बनाने, समय का प्रबंधन करने और परीक्षा के तनाव को कम करने में भी मार्गदर्शन देगी।

Apni Pathshala के साथ अपनी तैयारी को मजबूत बनाएं और अपने सपनों को साकार करें। आज ही हमारी विशेषज्ञ टीम से संपर्क करें और अपनी सफलता की यात्रा शुरू करें

📞 +91 7878158882

Related Posts

Scroll to Top